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"सोशल मीडिया का बाप"

अनिल कुमार सागर, लेखक व पत्रकार

वरिष्ठ लेखक- स्वतंत्र पत्रकार, पूर्व उप सम्पादक: उजाले की ओर,"कीमया-ऐ-जीवन", राष्ट्रीय समाचार पत्र,  03, आनन्द कॉलोनी,चन्दौसी- 244412, उ.प्र.

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*शोभा डे नाम की एक प्रख्यात लेखिका की टिप्पणी* -


*"मांस तो मांस ही होता है,*


*चाहे गाय का हो,*


*या बकरे का,*


*या किसी अन्य जानवर* *का......।*


*फिर,*


*हिन्दू लोग जानवरों के प्रति* *अलग-अलग व्यवहार कर के*


*क्यों ढोंग करते है कि बकरा* *काटो,*


*पर, गाय मत काटो ।*


*ये उनकी मूर्खता है कि नहीं......?"*


.


*जवाब -1.*


बिल्कुल ठीक कहा शोभा जी आप ने ।


मर्द तो मर्द ही होता है,


चाहे वो भाई हो,


या


पति,


या


बाप,


या


बेटा ।


फिर, *तीनो के साथ आप अलग-अलग व्यवहार क्यों करती हैं ?*


*क्या सन्तान पैदा करने,


या यौन-सुख पाने के लिए पति जरुरी है ?*


भाई, बेटा, या बाप के साथ भी वही व्यवहार किया जा सकता है,


जो आप अपने पति के साथ करती हैं ।


*ये आप की मूर्खता और आप का ढोंग है कि नहीं.....?*


*जवाब-2.*


घर में आप अपने बच्चों और अपने पति को खाने-नाश्ते में दूध तो देती ही होंगी, या चाय-कॉफी तो बनाती ही होंगी...!


जाहिर है, वो दूध गाय, या भैंस का ही होगा ।


तो, क्या आप कुतिया का भी दूध उनको पिला सकती हैं, या कुतिया के दूध की भी चाय-कॉफी बना सकती हैं..?


क्यों नही ? दूध तो दूध है , चाहे वो किसी का भी हो..!


*ये आप की मूर्खता और आप का ढोंग है कि नहीं......?*


.


*प्रश्न मांस का नहीं, आस्था और भावना का*


*है ।*


जिस तरह, भाई, पति, बेटा, बेटी, बहन, माँ, आदि रिश्तों के पुरुषों-महिलाओं से हमारे सम्बन्ध मात्र एक पुरुष, या मात्र एक स्त्री होने के आधार पर न चल कर भावना और आस्था के आधार पर संचालित होते हैं,


उसी प्रकार गाय, बकरे, या अन्य पशु भी हमारी भावना के आधार पर व्यवहृत होते


हैं ।


*जवाब - 3.*


एक अंग्रेज ने स्वामी विवेकानन्द से पूछा -


"सब से अच्छा दूध किस जानवर का होता है ?"


स्वामी विवेकानंद -


"भैँस का ।"


अंग्रेज -


"परन्तु आप भारतीय तो गाय को ही सर्वश्रेष्ठ मानते हैं न.....?"


स्वामी विवेकानन्द कहा -


"आप ने "दूध" के बारे मे पुछा है जनाब, "अमृत" के बारे में नहीं,


और दूसरी बात,


आप ने जानवर के बारे मेँ पूछा था ।


*गाय तो हमारी 'माता' है,*


*कोई जानवर नहीं ।"*


*इसी विषय में एक सवाल :-


"Save tiger" कहने वाले समाज सेवी होते हैं


और


"Save Dogs" कहने वाले पशु प्रेमी होते हैं ।


तब,


*"Save Cow" कहने वाले कट्टरपन्थी कैसे हो गये.....?🙏✍️🤳Webpage with direct links to Amazon, Flipkart and Notion Press.


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